गोरखपुर के श्रीकृष्ण पाण्डेय को मिलेगा प्रो. यशवंतराव केलकर पुरस्कार

  • मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी होंगे पुरस्कार समारोह के मुख्य अतिथि

देहरादून। देवभूमि उत्तराखण्ड में आयोजित होने वाले अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के 71वें राष्ट्रीय अधिवेशन में प्रतिवर्ष प्रदान किए जाने वाला प्रो. यशवंतराव केलकर युवा पुरस्कार 30 नवंबर को दिया जाएगा। समारोह में उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी बतौर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।

राजधानी स्थित परेड ग्राउंड में अधिवेशन के निमित्त अस्थायी रूप से बसाए जा रहे ‘भगवान बिरसा मुंडा नगर’ में 28 से 30 नवंबर तक अभाविप का राष्ट्रीय अधिवेशन आयोजित होगा। इस वर्ष प्रो. यशवंतराव केलकर पुरस्कार हेतु गोरखपुर के श्रीकृष्ण पाण्डेय ‘आजाद’ को चयनित किया गया है। उक्त पुरस्कार वर्ष 1991 से प्राध्यापक यशवंतराव केलकर की स्मृति में दिया जा रहा है जिन्हें अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के शिल्पकार के रूप में जाना जाता है। अभाविप के कार्यविस्तार एवं संगठन को व्यापक स्वरूप देने में उनकी महती भूमिका रही है। यह पुरस्कार अभाविप और विद्यार्थी निधि न्यास की संयुक्त पहल है, जो छात्रों की उन्नति तथा शिक्षा के क्षेत्र में कार्य हेतु प्रतिबद्ध है। इस पुरस्कार का उद्देश्य युवाओं द्वारा किए जा रहे सामाजिक उद्यमों के कार्य को उजागर करना, उन्हें प्रोत्साहित करना, सामाजिक उद्यमशीलता के प्रति युवाओं में कृतज्ञता भाव विकसित करना तथा युवा भारतीयों को सेवा कार्य के लिए प्रेरित करना है। शिक्षा, समाज, पर्यावरण, विज्ञान जैसे क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले युवाओं को ‘प्रा. यशवंतराव केलकर युवा पुरस्कार’ दिया जाता है। इस पुरस्कार में ₹1,00,000/-, प्रमाण-पत्र एवं स्मृति-चिह्न शामिल हैं। इस वर्ष यह पुरस्कार उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा 30 नवंबर को राष्ट्रीय अधिवेशन के अंतिम दिवस पर प्रदान किया जाएगा।

पुरस्कार हेतु चयनित ‘स्माइल रोटी बैंक फाउंडेशन’ के अध्यक्ष श्रीकृष्ण पांडेय ‘आजाद’ ने गोरखपुर तथा आसपास के क्षेत्रों में दो हजार से अधिक निराश्रित मनोरोगियों की सेवा करते हुए उन्हें चिकित्सा, दवा और पुनर्वास सहायता प्रदान की है। उन्होंने कारागारों में बंदियों के पुनर्वास, बाल भिक्षावृत्ति उन्मूलन, नशामुक्ति, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण जैसे क्षेत्रों में भी उल्लेखनीय कार्य किया है। दो पुनर्वास केंद्रों के संचालन तथा निरंतर जन-जागरूकता अभियानों के माध्यम से उन्होंने अनेक बच्चों एवं युवाओं के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाया है। उत्तर प्रदेश सरकार एवं विभिन्न संस्थाओं द्वारा उन्हें उनके सामाजिक योगदान हेतु कई सम्मान प्राप्त हुए हैं।

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री श्री वीरेंद्र सिंह सोलंकी ने कहा कि, “विद्यार्थी परिषद का 71वाँ राष्ट्रीय अधिवेशन धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों के प्रमुख केंद्र देवभूमि उत्तराखण्ड में आयोजित हो रहा है, जिसे लेकर देश के प्रत्येक राज्य से आने वाले प्रतिनिधि उत्साहित है। इस तीन-दिवसीय अधिवेशन में प्रतिभागी प्रतिनिधि शिक्षा, समाज, पर्यावरण, खेल, सेवा जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विमर्श करेंगे।

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