चमोली गढ़वाल
मंगलमय दर्शन के तहत सनातन धर्म के ध्वज वाहक के रूप मे ज्योतिर्मठ के शंकराचार्य आदि गुरु अमुक्तेश्वरानंद जी महाराज का भगवान् गोपीनाथ मंदिर में आगमन हुआ जिसमें सनातन धर्मावलंबियों ने आदिगुरु शंकराचार्य का हार्दिक स्वागत एवं अभिनन्दन किया।
आदिगुरु शंकराचार्य जी ने सनातन धर्म एवं सस्कृति को अक्षुण्ण रखने के लिए व इसे बचाये रखने के लिए अपना उद्बोधन आम जनमानस के सामने रखा साथ ही यह घोषणा भी की कि गोपेश्वर में जल्द ही एक गुरुकुल की स्थापना की जायेगी। जिससे यहाँ के लोग वेदों में रूचि रखने वाले वेद ओर वैदांग का अध्ययन कर सकें। ।

ज्योतिर्मठ पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी श्री अभिमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी महाराज जी ने बाल कवि कार्तिक तिवारी की कविता सुनी और उन्होंने कार्तिक को अंगवस्त्र पहना कर के आशीर्वाद दिया