जमीनों पर अवैध कब्जा, धोखाधडी तथा अन्य आपराधिक गतिविधियों में लिप्त अभियुक्त विकेश नेगी के विरूद्ध दून पुलिस ने की गुण्डा एक्ट के तहत कार्यवाही।

    ढोल नगाडों के साथ गुण्डा एक्ट में दून पुलिस ने किया जनपद की सीमा…

29 जुलाई को सावन के दूसरे सोमवार पर गजकेसरी योग बनने से कुछ राशियों की खुल सकती है किस्मत : डॉ चंडी प्रसाद घिल्डियाल

    देहरादून   उत्तराखंड ज्योतिष रत्न आचार्य डॉक्टर चंडी प्रसाद घिल्डियाल “दैवज्ञ” बताते हैं* ,कि…

मलिन बस्तियों के चिन्हीकरण की रिपोर्ट 15 दिनों में शासन को भेजेंगे सभी जिलाधिकारी-मुख्य सचिव

  सीएस श्रीमती राधा रतूड़ी ने जिलाधिकारियों से नगर निगमों के तहत कार्य करने वाले सफाई…

पुलिसकर्मियों के हितार्थ एसएसपी देहरादून की नई पहल

    कावड़ ड्यूटी में लगे पुलिस फोर्स हेतु 11 चैकपोस्ट पर की गई वॉटरप्रूफ कैनोपी…

मुख्यमंत्री से उत्तराखण्ड तीर्थ पुरोहित महापंचायत के पदाधिकारियों ने की भेंट

    *कैबिनेट द्वारा राज्य के चारधाम और अन्य प्रमुख मंदिरों के नाम ट्रस्ट या समिति…

ऐतिहासिक, दूरदर्शी, समावेशी, सर्वस्पर्शी और सर्वग्राही है आम बजट – मुख्यमंत्री

    विकसित भारत के संकल्प को सिद्धि तक पहुँचाने में नई दिशा और गति प्रदान…

जिलाधिकारी देहरादून ने नगर निगम देहरादून में बनाए गए कन्ट्रोलरूम का किया औचक निरीक्षण

  देहरादून जिलाधिकारी श्रीमती सोनिका ने आज सांय नगर निगम देहरादून में बनाए गए कन्ट्रोलरूम का…

जिलाधिकारी देहरादून ने ऋषिपर्णा सभागार में जनसुनवाई का आयोजन किया जनसुनवाई में आज 82 शिकायत प्राप्त हुई।

  देहरादून जिलाधिकारी   सोनिका की अध्यक्षता में ऋषिपर्णा सभागार में जनसुनवाई का आयोजन किया गया। जनसुनवाई…

मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को आईटी पार्क देहरादून स्थित राज्य आपदा परिचालन केन्द्र का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में हो रही बारिश की स्थिति का जायजा लेते हुए अधिकारियों को हर समय अलर्ट मोड में रहने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने सचिव आपदा प्रबंधन को निर्देश दिये कि वे निरन्तर जिलाधिकारियों से समन्वय बना कर रखें। नदियों के जल स्तर पर नियमित निगरानी बनाये रखें।

मुख्यमंत्री ने राज्य आपदा परिचालन केन्द्र से जिलाधिकारी नैनीताल, बागेश्वर, टिहरी, रुद्रप्रयाग, पौड़ी, देहरादून से फोन के माध्यम से वार्ता कर बारिश की स्थिति, सड़कों की स्थिति, विद्युत और पेयजल की उपलब्धता तथा जलभराव के बारे में जानकारी ली। उन्होंने जिलाधिकारियों को निर्देश दिये कि अतिवृष्टि के कारण यातायात बाधित न हो, सड़कों के क्षतिग्रस्त होने की स्थिति में उन्हें शीघ्र खुलवाया जाए। जल भराव की स्थिति में निकासी की उचित व्यवस्था रखी जाए। उन्होंने निर्देश दिये कि नदियों के जल स्तर बढ़ने की स्थिति में नदी किनारे एवं अन्य संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को जागरूक किया जाए।

मुख्यमंत्री ने सचिव आपदा प्रबंधन को निर्देश दिये कि हर जिले की अतिवृष्टि की स्तिथि पर निरन्तर नज़र बनाए रखें। जिलों के साथ परस्पर समन्वय स्थापित करें, ताकि किसी भी आपातकाल स्थिति से निपटा जा सके। राज्य के विभिन्न संवेदनशील इलाकों, अत्यधिक बारिश एवं आपदा ग्रस्त वाले इलाकों को लेकर भी विशेष नज़र बनाए रखें। मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा को लेकर किसी भी प्रकार की सूचना प्राप्त होने पर तत्काल कार्यवाही की जाए। रिस्पांस टाईम कम से कम रखने के निर्देश मुख्यमंत्री ने दिये।

इस अवसर सचिव आपदा प्रबंधन श्री विनोद कुमार सुमन, अपर सचिव श्री आनन्द स्वरूप एवं संबंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे

मुख्य सचिव राधा रतूड़ी अध्यक्षता में टाटा ट्रस्ट के साथ महत्वपूर्ण बैठक

      *मुख्य सचिव ने टाटा ट्रस्ट के समक्ष उत्तराखण्ड सरकार की प्राथमिकताओं व थ्रस्ट…